उपयोग की सर्वोत्तम आवृत्तिलिप बॉमदिन में 2 से 3 बार है. लिप बाम के बार-बार उपयोग से होंठ लिप बाम पर निर्भर हो सकते हैं, समायोजित करने की क्षमता कम हो सकती है और यहां तक कि कॉन्टैक्ट चेइलाइटिस भी हो सकता है।
सही सामग्री चुनें: सोडियम हाइलूरोनेट, सेरामाइड, स्क्वालेन और अन्य सामग्री वाले लिप बाम में अच्छे हाइड्रेटिंग और मॉइस्चराइजिंग प्रभाव होते हैं और उपयोग करने में अधिक आरामदायक होते हैं। चेइलाइटिस के मरीजों को बच्चों के लिप बाम का चयन करना चाहिए क्योंकि इसका कच्चा माल सरल होता है, कम रंगद्रव्य और स्वाद के साथ, जो एलर्जी से बच सकता है।
लगाने की दिशा: लिप बाम को बारी-बारी से क्षैतिज और लंबवत रूप से लगाना चाहिए, क्योंकि होंठों की रेखाओं की दिशा ऊर्ध्वाधर होती है, ताकि यह होंठों को अधिक प्रभावी ढंग से मॉइस्चराइज़ कर सके।
ज़्यादा इस्तेमाल से बचें: लिप बाम जितनी बार लगाया जाए, उतना अच्छा है, क्योंकि यह नमी को अपने आप सोख सकता है। जब बाहरी दुनिया शुष्क होगी, तो यह त्वचा से नमी सोख लेगी, जिसके परिणामस्वरूप अधिक शुष्कता होगी। इसे इस्तेमाल करने का सही तरीका इसे दिन में 2 से 3 बार लगाना है।
सोने से पहले उपयोग करें: नींद के दौरान त्वचा की नमी खोने की सबसे अधिक संभावना होती है, इसलिए सोने से पहले लिप बाम लगाने की सलाह दी जाती है।
का उपयोग करकेलिप बॉमठीक से, आप अत्यधिक निर्भरता और प्रतिकूल प्रतिक्रियाओं से बचते हुए सूखे होंठों की समस्या को प्रभावी ढंग से कम कर सकते हैं।